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Resume Kaise Banaye

How To Create Resume रिज्यूम क्या है: दोस्तो किसी भी जॉब(नौकरी) के लिए जब हम अप्लाई करते है। तो हमे रिज्यूम देना आवस्यक होता है। रिज्यूम कंप्यूटर द्वारा बनाई गई एक कॉपी होती है।जिसे हम एम एस वर्ड या किसी अन्य सॉफ्टवेयर से बना सकते है। रिज्यूम बनाने के लिए आपके पास आप के सभी दस्तावेज की जानकारी होना आवश्यक है।और उसके साथ ही एक पासपोर्ट साइज फ़ोटो का होना भी जरूरी है। जिससे कि आप रिज्यूम के रूप में बनाये जा रहे फॉर्म को सही तरीके से भर सके। रिज्यूम कैसे बनाये: 1:- दोस्तो रिज्यूम बनाने के लिए सबसे पहले आपको  एम एस वर्ड सॉफ्टवेयर को ओपन करना होगा।  2:-इसके बाद नई ब्लेंक डॉक्यूमेंट पर क्लिक करना होगा। अब आपके सामने एम एस वर्ड का डिफ़ॉल्ट इंटरफेस दिखने लगेगा। 3:-अब आपको मेनू बार मे दिए गए इन्सर्ट मेनू के अंतर्गत आने वाले टेबल ऑप्शन पर क्लिक करके 3 बाइ 5 का कॉलम इन्सर्ट करना होगा। 4:-अब आपको लाये गए टेबल के दाहिने साइड के सभी कॉलम को सेलेक्ट करके मर्ज(मिलाना) करना होगा। 5:-अब आपको लाये गए कॉलम में अपना नाम, फ़ोटो,आदि लगाना है। इतना सब कुछ हो जाने के बाद अब आपको शिक्षा से संबंधित जानकारी

Create Presentation in MS PowerPoint | | Computer Hindi Notes

प्रेजेंटेशन कैसे तैयार करे: (how to create presentation in hindi) 1.दोस्तो प्रेजेंटेशन बनाने के लिए सबसे पहले आपको एम एस पॉवरपॉइंट सॉफ्टवेयर को ओपन करे। 2.अपनी इच्छा अनुसार थीम का चयन करें  3.न्यू ब्लेंक प्रेजेंटेशन पर क्लिक करे। 4.अब आपके सामने स्लाइड दिखाने लगेगी। दोस्तो प्रेजेंटेशन तैयार करने के लिए आपके पास विषय होना चाहिए । जीस के बारे में आप प्रेजेंटेशन में बता सके । जैसे..  कोई कंपनी , संस्थान, या कोई दुकान,इत्यादि। अब आपको सबसे पहले स्लाइड के ऊपर वाले कॉलम में मुख्य टाइटल को लिखना है । इसके नीचे वाले कॉलम में उस कंपनी या संस्था के बारे में कुछ महत्त्वपूर्ण जानकारी लिखना है। इसके बाद अगर आप की जानकारी को सांझा करने के लिए और पृष्ठ की आवश्यकता है तो Ctrl+M कुंजी को दबाकर नई स्लाइड को इन्सर्ट कर सकते है। जिसमे आप उस संस्था या कंपनी के प्रोडक्ट या विशेषताओ को दरसा सकते है।  इसके अलावा आप अपने प्रेजेंटेशन में इमेज का प्रयोग भी कर सकते है । अब आप अपने द्वारा लिखे गए कंटेंट तथा उसके बैकग्राउंड को अपनी आवस्यकता अनुसार किसी भी कलर में रंग भर सकते है। इतना सब कुछ हो जाने के बाद अब

कंप्यूटर की भाषाये

  कंप्यूटर भाषाएँ कंप्यूटर की भाषा  एक प्रकार का कोड है जिसे प्रोग्रामर द्वारा विकशित किया जाता है।  कंप्यूटर की भाषा  सॉफ्टवेयर और प्रोग्राम के बीच समंध स्थापित करने के लिए जिम्मेदार है। कंप्यूटर की भाषा  की मदद से एक कंप्यूटर उपयोगकर्त्ता कंप्यूटर से डेटा प्रोसेस करने के लिए आवश्यक कमांड की पहचान अच्छे तरीके से कर सकता है। कंप्यूटर की इन भाषाओं को तीन भागो में बता गया है। 1.मशीनी भाषा 2.असेम्बली भाषा 3.उच्च स्तरीय भाषा यह भी पढ़े...   हार्ड डिस्क क्या है ? मशीनी भाषा: यह भाषा कंप्यूटर की मूल भाषा  है। इस भाषा को CPU (Central Processing Unit) के द्वारा समझा जाता है।कंप्यूटर की इस भाषा को किसी व्यक्ति के लिए समझना आसान नही है क्योंकि इस भाषा मे कोई भी कमांड देने के लिए बाइनरी अंको(केवल एक 1 और शून्य 0) का प्रयोग कंप्यूटर द्वारा किया जाता है। असेम्बली भाषा : यह एक विशेष प्रकार की भाषा के कोड का एक सेट है।इस भाषा को  मशीनी भाषा  के द्वारा तैयार किये जाने वाले प्रोग्राम में आने वाली कठिनाइयों को दूर करने के उद्देश्य से बनाया गया। इस भाषा का नाम असेम्ब्ली भाषा है।  इसे सीधे कंप्यूटर के प्रो

हार्ड डिस्क क्या है और उसके प्रकार

 हार्ड डिस्क क्या है Hard Disk (हार्ड डिस्क ): हार्ड डिस्क  एक प्रकार का स्टोरेज डिवाइस होता है। इसका प्रयोग बहुत अधिक मात्रा में आकड़ो को संग्रहित करने के लिए किया जाता है। इसका उपयोग मुख्यतः लैपटाप या कंप्यूटर में किया जाता है।  हार्ड डिस्क डाटा को स्टोर करने के लिए एक या एक से अधिक बार घूर्णन करती है।  हार्ड डिस्क की संग्रहण क्षमता  GB (गीगाबाइट ) या TB (टेराबाइट )  मापा जाता है।  सॉलिड डिस्क ड्राइव (SSD): यह एक स्टोरेज डिवाइस है। जो किसी भी डाटा को हार्ड डिस्क की अपेक्षा कम समय में रीड( पढ़ना ) कर सकती है। अर्थात इसमें डाटा इसमें डाटा तीव्र गति से स्टोर किया जा सकता है।  यह एक प्रकार की मेमोरी है जिसमे SSDs फ्लैश-आधारित मेमोरी का उपयोग करके   हार्ड डिस्क की जगह इसका उपयोग कर सकते है। सॉलिड-स्टेट ड्राइव (SSD) कंप्यूटर में उपयोग होने वाली एक नई पीढ़ी का स्टोरेज डिवाइस है।    CD Rom (Compact Disk Read Only Memory): इस डिवाइस के माध्यम से हम कंप्यूटर के किसी सॉफ्टवेयर एवं  प्रोग्रम को इंस्टाल करने का कार्य करते है। इसके साथ ही हम किसी फिल्म अथवा गाने को सी डी में उपलोड कर सकते है।  Im

How to use CorelDRAW Effect Menu in Hindi | Computer Hindi Notes

  C o r e l D R A W  Effect Menu (इफ़ेक्ट मेनू) (Alt+C); Adjust(एडजस्ट) ➤                     Contrast Enhancement(कंट्रास्ट एनहांसमेंट)                     Local equalization(लोकल एक्वालिज़ेशन)                     Sample target balance(सैंपल टारगेट बैलेंस)                    Tone curve(टोन कर्व)                    Brightness /Contrast/Intensity (ब्राइटनेस/कंट्रास्ट/इंटेंसिटी)(Ctrl+B)                   Color Balance (कलर बैलेंस)(Ctrl+Shift+B)                   Gamma(गामा)                   Hue/Saturation Lightness(हुए/सेचुरेशन लाइटनेस) Ctrl+Shift+V                   Selective Color(सेलेक्टिव कलर)                   Replace Color(रिप्लेस कलर)                   Desaturate(डेसटुरेट)                  Channel Mixer(चैनल मिक्सर) Transform(ट्रांसफॉर्म) ➤                     Delnterlace(डेलनेटेरलेक) Invert(इन्वर्ट) Posterize(पोस्टराइज) Correction(करेक्शन) ➤                                     Dust and Scratch(डस्ट एंड स्क्रैच) Contour(कंटाउर)      Ctrl+F9 Interactive blend tool(इनट्रेकटिव ब्लेंड

CorelDRAW (हिंदी नोट्स) | | Computer Hindi Notes

  C o r e l D R A W Introduction of CorelDRAW (कोरेल ड्रा का परिचय ): यह एक डिज़ाइन सॉफ्टवेयर है।जिसका निर्माण Corel Corporation eyes khada  द्वारा विकसित किया गया  है ।जिसके द्वारा हैम किसी भी प्रकार का डिज़ाइन ,पोस्टर,कार्ड एवं किसी भी प्रकार के डिज़ाइन के कार्य को सफलतापूर्वक कर सकते है तथा बनाये गए डिज़ाइन में अपनी आवश्यकता अनुसार कलर को फील कर सकते है।शुरू से लेकर आज तक इसके कई वर्शन मार्केट में उपलब्ध है।जो निम्न है। CorelDRAW 5.5 , CorelDRAW 7.0 , CorelDRAW 9 , CorelDRAW 10 , CorelDRAW 11 , CorelDRAW 12 ,CorelDRAW 13 , CorelDRAW 14 , इत्यादि। इसमे 12,13,14 के सबसे अधिक संख्या में प्रयोग किये जाते है। इसमें बनाई जाने वाली फ़ाइल का एक्सटेंशन नाम C.D.R. जिसका पूरा नाम CorelDRAW होता है। Features (विशेषताएं):  1' इसमे इमेज को इम्पोर्ट तथा एक्सपोर्ट करने की सुविधा दी गई है।  2,  इसमे दिए गए टूलबार ऑप्शन के द्वारा CorelDRAW में अनेक प्रकार की डिज़ाइन बना सकते है । तथा अपनी अवस्यकतानुसार कलर फील(भरना) कर सकते है। 3,  इसमे लिखे गए प्रत्येक अक्षर को अलग -अलग कर सकते है। तथा पहले से बनाये

CorelDRAW Text Menu in Hindi | Computer Hindi Notes

C o r e l D R A W Text menu(टेक्स्ट मेनू): Character formatting(कैरेक्टर फॉर्मेटिंग) Tabs(टैब्स) drop cap(ड्राप कैप) Fit text to path(फिक्स टेक्स्ट टू पाथ) Align to baseline(अलाइन तो बेसलाइन) Straighten text(स्ट्राइटेन टेक्स्ट) Paragraph text frame (पैराग्राफ टेक्स्ट फ्रेम) Use Hyphenation setting(यूज़ हायफ़नेशन सेटिंग) Writing tools(राइटिंग टूल्स) Encode(इनकोड) Make text web Compatible(मेक टेक्स्ट वेब कंपेटिबल) Convert(कन्वर्ट): Text statistics(टेक्स्ट स्टेटिस्टिक्स) Show non printing character(शो नॉन प्रिंटिंग कैरेक्टर) Character formatting(कैरेक्टर फॉर्मेटिंग): इन ऑप्शन का प्रयोग कैरेक्टर की फॉर्मेटिंग करने के लिए किया जाता है। जैसे- Font style,Font size Tabs(टैब्स): इस ऑप्शन का प्रयोग सिलेक्टेड टेक्स्ट की ........ करने के लिए किया जाता है। Fit text to path(फिट टेक्स्ट टू पाथ): इस ऑप्शन का प्रयोग सेल्व्क्टेड अथवा ड्रा किये गए ऑब्जेक्ट के ऊपर टेक्स्ट को टाइप करने के लिए किया जाता है। Align to baseline(अलाइन टी बेसलाइन): इस ऑप्शनक प्रयोग सिलेक्टेड टेक्स्ट की बेसलाइन पर सेट करने के लिए क

CorelDRAW Layout Menu in Hindi | Computer Hindi Notes

  C o r e l D R A W यह भी पढ़े...     CorelDRAW File Menu हिंदी नोट्स   यह भी पढ़े...     CorelDRAW Edit Menu हिंदी नोट्स Layout menu(लेआउट मेनू): Insert page(इन्सर्ट पेज) Delete page(डिलीट पेज) Remove page(रिमूव पेज) Go to page(गो टू पेज) Switch page orientation(स्विच पेज ओरिएंटेशन) Page setup(पेज सेटअप) Page background(पेज बैकग्राउंड) Insert page(इन्सर्ट पेज): इस ऑप्शन का प्रयोग करने पर इसका एक बॉक्स डिस्प्ले होता है। जिसमे दिए गए ऑप्शन के द्वारा कोरेल ड्रा में नई पेज को इन्सर्ट(लाना) कर सकते है। Delete page(डिलीट पेज ): इसका प्रयोग कार्य किये जा रहे पेज को डिलीट करने के लिये किया जाता है। Remove page(रिमूव पेज): इस ऑप्शन का प्रयोग पेज के नाम को चेंज(बदलना)के लिये किया जाता है। Go to(गो टू): इस ऑप्शन का प्रयोग किसी निश्चित पेज पर डायरेक्ट पहुचने के लिए किया जाता है। Switch page orientation(स्विच पेज ओरिएंटेशन): इस ऑप्शन का प्रयोग कोरेल ड्रा के पेज को हॉरिजॉन्टल तथा वर्टीकल घुमाने के लिए किया जाता है। Page setup(पेज सेटअप): इस ऑप्शन का प्रयोग करने पर इसका एक बॉक्स डिस्प्ले होता है। जिस

CorelDRAW View Menu in Hindi | | Computer Hindi Notes

C o r e l D R A W View Menu(व्यू मेनू): Simple wirefrom(सिंपल वायर फ्रॉम) Wirefrom(वायर फ्रॉम)  Draft(ड्राफ्ट) Normal(नार्मल) Enhanced(एनहांस्ड) Full screen preview(फुल स्क्रीन  प्रीव्यू )  f 9 Preview selected only(प्रीव्यू सिलेक्टेड ओनली) Page short view(पेज शार्ट व्यू) Ruler(रूलर) Grid lines(ग्रिड लाइन्स) Show(शो) Snap to grid(स्नेप तो ग्रिड) Grid lines setup(ग्रिड लाइन्स सेटअप) Grid and ruler setup(ग्रिड एंड रूलर सेटअप) Snap to object setup(स्नेप टू ऑब्जेक्ट सेटअप) Simple wirefrom(सिंपल वायर फ्रॉम): CorelDRAW इस ऑप्शन का प्रयोग सिलेक्टेड ऑब्जेक्ट को सिंपल वायर से अर्थात ऑब्जेक्ट को आउटलाइन के रूप में देखने के लिए किया जाता है। जिससे इमेज ग्रे कलर में दिखाई देता है। Wirefrom(वायर फ्रॉम) : इस ऑप्शन का प्रयोग सिलेक्टेड ऑब्जेक्ट को आउटलाइन के रूप में देखने के लिए किया जाता है। Draft(ड्राफ्ट): इस ऑप्शन का प्रयोग ऑब्जेस्ट तथा इमेज को ड्राफ्ट करके देखने के लिए किया जाता है। Normal(नार्मल): इस ऑप्शन का प्रयोग सिलेक्टेड ऑब्जेस्ट को सामान्य रूप में देखने के लिए किया जाता है। Enhance(एनहान्स)

CorelDRAW Edit Menu ||Computer Hindi Notes

  C o r e l D R A W Edit Menu(एडिट मेनू): Undo(अनडू) Redu(रेडू) Repeat(रिपीट) Cut(कट) Copy(कॉपी) Paste(पेस्ट) Paste special(पेस्ट स्पेशल) Delete(डिलीट) Simple(सिंपल) Duplicate(डुप्लीकेट) Copy properties from(कॉपी प्रॉपर्टीज फ्रॉम) Overprint fill(ओवर प्रिंटर) Find and replace(फाइंड एंड रिप्लेस) Insert internet object(इन्सर्ट इंटरनेट ऑब्जेक्ट) Insert Bar Code(इन्सर्ट बार कोड) Insert new object(इन्सर्ट नई ऑब्जेक्ट) Object(ऑब्जेक्ट) Link(लिंक) Properties(प्रॉपर्टीज) ALT+Enter Undo(अनडू): इस ऑप्शन का प्रयोग कार्य करते समय कोई गलती हो जाने पर वापस जाकर उस कार्य को ठीक करने के लिए किया जाता है। इसकी शॉर्टकट की Ctrl+Z है। Redu(रेडू): यह ऑप्शन टैब कार्य करता है। जब हम अनडू ऑप्शन का प्रयोग करके पीछे गए होते है। इस ऑप्शन के द्वारा हम पुनः एक-एक स्पेट आगे जा सकते है। इसकी शॉर्टकट की Ctrl+Y होती है। Repeat(रिपीट): इस ऑप्शन का प्रयोग वर्तमान समय मे किये जा सहे कार्य को अर्थात लास्ट टाइम में किये गए कार्य को बराबर रिपीट करने के लीये किया जाता है।अर्थात वही कार्य दोबारा करने के लिए किया जाता है। Cut(क

CorelDRAW File Menu in Hindi | | Computer Hindi Notes

  C o r e l D R A W File Menu(फाइल मेनू): New(न्यू) Open(ओपन) Save(सेव) Import(इम्पोर्ट) Export(एक्सपोर्ट) Zoom(ज़ूम) Application launcher (एप्लीकेशन लांचर) Corel online(कोरल ऑनलाइन) Properties Bar(प्रॉपर्टीज बार) New(न्यू): इस ऑप्शन का परयो कोरल ड्रा में एक नए पेज को इन्सर्ट(लाना) करने के लिए किया जाता है। इसकी शॉर्टकट की Ctrl+N होती है। Open(ओपन): इस ऑप्शन का प्रयोग पहले से फ़ाइल(मैटर) को कोरल ड्रा के पेज पर लाने के लिए किया जाता है। इसकी शॉर्टकट की Ctrl+O होती है। Save(सेव): इस ऑप्शन का प्रयोग कोरल ड्रा के बनाई जा रही फ़ाइल को सेव(सुरक्षित) करने के लिए किया जाता है। Import(इम्पोर्ट): इस ऑप्शन का प्रयोग करने पर इसका एक बॉक्स डिस्प्ले होता है।जिसमे पहले से सेव की गई फ़ाइल या पिक्चर को पेज पर ला सकते है। Export(एक्सपोर्ट): इस ऑप्शन का प्रयोग CorelDRAW में बनाई गई डिज़ाइन को किसी दूसरे फ़ाइल में एक्सपोर्ट करने के लिए किया जाता है। Zoom(ज़ूम): इस ऑप्शन का प्रयोग सिलेक्टेड टेक्स्ट अथवा ऑब्जेक्ट को ज़ूम(बड़ा) करके देखने के लिए किया जाता है। Application launcher(एप्लीकेशन लांचर): इस ऑप्शन का प्रय

MS PowerPoint Window Menu in Hindi | | Computer Hindi Notes

MS PowerPoint Window Menu (ALT+W): New window(नई विंडो) Close window(क्लोज विंडो) Close other window(क्लोज अदर विंडो) Horizontal(हॉरिजॉन्टल) Vertical(वर्टीकल) Cascade(कास्केड) Online Templates(ऑनलाइन टेम्पलेट) New window(नई विंडो): इस ऑप्शन का प्रयोग कार्य किये जा रहे विंडो के जैसा नया वी दो लाने के लिए किया है।जितनी बार नई विंडो का प्रयोग करते है । उतनी बार नई विंडो आ जाती है। Close window(क्लोज विंडो): इस ऑप्शन का प्रयोग नई ऑप्शन के द्वारा लाये गये विंडो में से कार्य किये जा रहे विंडो को क्लोज करने के लिए किया जाता है। Close other window(क्लोज अदर विंडो): इस ऑप्शन का प्रयोग वर्तमान में प्रयोग हो रहे विंडो को छोड़कर बाकी सभी विंडो को क्लोज करने के लिए किया जाता है। Horizontal(हॉरिजॉन्टल): इस ऑप्शन का प्रयोग ओपन किये गए विंडो को एक साथ हॉरिजॉन्टल रूप में व्यवस्थित करने के लिए किया जाता है। Vertical(वर्टीकल): इस ऑप्शन का प्रयोग ओपन किये गए विंडो को एक साथ वर्टीकल रूप में व्यवस्थित करने के लिए किया जाता है। Cascade(कास्केड): इस ऑप्शन का पयोग ओपन किये गए सभी विंडो को सीढ़ीनुमा व्य

MS PowerPoint Slide Show in Hindi | | Computer Hindi Notes

MS PowerPoint Slide Show (ALT+D): Play (F5)  (प्ले) Setup show(सेटअप शो) Rehearse timing(रेहर्स टाइमिंग) Action Button(एक्शन बटन) Action setting(एक्शन सेटिंग) Animation scheme(एनीमेशन स्कीम) Custom animation(कस्टम एनीमेशन) Slide transition(स्लाइड ट्रांजीशन) Hide slide(हाईड स्लाइड) Custom show(कस्टम शो) Play (F5)  (प्ले): इस ऑप्शन का प्रयोग बनाई जा रही स्लाइड पर दिए गए इफ़ेक्ट को पूरे मॉनिटर स्क्रीन पर शो करने के लिए किया जाता है।  Setup show(सेटअप शो): इस ऑप्शन का प्रयोग करने पर इसका एक बॉक्स डिस्प्ले होता है। जिसके द्वारा बनाई जा रही स्लाइड की सेटिंग कर सकते है। कि किस स्लाइड से किस स्लाइड तक इफ़ेक्ट शो करे।  Rehearse timing(रेहर्स टाइमिंग): इस ऑप्शन का प्रयोग एक स्लाइड से दूसरे स्लाइड अथवा एक इफ़ेक्ट से दूसरे इफ़ेक्ट के बिच समय निर्धारित करने के लिए किया जाता है।  Action Button(एक्शन बटन): इस ऑप्शन का प्रयोग करने पर इसका एक बॉक्स डिस्प्ले होता है। जिसके द्वारा लाये गए एक्शन बटन की सेटिंग  कर सकते है।  Animation scheme(एनीमेशन स्कीम): इस ऑप्शन का प्रयोग करने पर इसका एक टास्क विंडो

MS PowerPoint Format Menu in Hindi - एम एस पॉवरपॉइंट | Computer Hindi Notes

MS PowerPoint Format Menu ALT+O: Font(फॉण्ट) Bullet and Numbering(बुलेट एंड नंबरिंग) Align(अलाइन)                           Align left(अलाइन लेफ्ट)                           Center(सेंटर)                           Align right(अलाइन राइट)                          Justify distribute(जस्टिफाई) Line Spacing(लाइन स्पेसिंग) Line Brake(लाइन ब्रेक)  Replace Font(रिप्लेस फॉण्ट) Design Template(डिज़ाइन टेम्पलेट) Slide Layout(स्लाइड लेआउट) Table style(टेबल स्टाइल) Background(बैकग्राउंड) Font(फॉण्ट): इस इस ऑप्शन का प्रयोग करने पर इसका एक बॉक्स डिस्प्ले होता है। जिसमे दिए गए ऑप्शन के द्वारा स्लाइड पर लिखे गए टेक्स्ट की साइज,कलर तथा स्टाइल।  Bullet and Numbering(बुलेट एंड नंबरिंग): इस ऑप्शन का प्रयोग एम एस पॉवरपॉइंट  के पेज पर लिखे गए मैटर के शुरू में बुलेट/नंबर  सिंबल देने के लिए किया जाता है। Align(अलाइन): Align Left(अलाइन लेफ्ट): इस ऑप्शन का प्रयोग सिलेक्टेड टेक्स्ट को स्लाइड  के लेफ्ट साइड(बाये) में ले जाने के लिए किया जाता है। Center(सेंटर): इस ऑप्शन का प्रयोग सिलेक्टेड टेक्स्ट को स्लाइड  के स